प्रतापगढ़। जिले के मानधाता थाने में तैनात उपनिरीक्षक अर्जुन सिंह को महिला के शारीरिक शोषण के आरोप में पुलिस ने वाराणसी से गिरफ्तार किया है। महिला ने आरोप लगाया था कि दरोगा ने खुद को अविवाहित बताकर शादी का भरोसा दिया और करीब एक साल तक उसका शारीरिक शोषण किया। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है।
हाइलाइट्स
- मानधाता थाने में तैनात एसआई अर्जुन सिंह वाराणसी से गिरफ्तार
- महिला ने शादी का झांसा देकर करीब एक साल तक शारीरिक शोषण का लगाया आरोप
- शादी से इनकार करने और जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप
- मुकदमा दर्ज होने के बाद दरोगा को किया गया था निलंबित
महिला के मुताबिक, उसकी मुलाकात अर्जुन सिंह से एक मुकदमे की पैरवी के दौरान हुई थी। आरोप है कि दरोगा ने खुद को अविवाहित बताते हुए उससे शादी करने का भरोसा दिया। इसके बाद वह महिला को प्रतापगढ़ के अलग-अलग होटलों में बुलाता रहा और करीब एक साल तक उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए।
शादी के लिए दबाव बनाने पर विवाद का आरोप
महिला का कहना है कि 17 जून 2026 को उसने अर्जुन सिंह से शादी करने के लिए कहा तो उसने कथित तौर पर शादी से इनकार कर दिया। आरोप है कि इस दौरान उसके साथ गाली-गलौज की गई और जान से मारने की धमकी भी दी गई।
बाद में महिला को जानकारी हुई कि अर्जुन सिंह पहले से शादीशुदा है और उसके बच्चे भी हैं। इसके बाद उसने पुलिस में लिखित शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की।
महिला थाने में दर्ज हुआ था मुकदमा
महिला की शिकायत के आधार पर 27 जून 2026 को महिला थाना प्रतापगढ़ में बीएनएस की धारा 69, 352 और 351(3) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। मामले की जांच उपनिरीक्षक संगीता को सौंपी गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस विभाग ने अर्जुन सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था।
वाराणसी से हुई गिरफ्तारी
सीओ सिटी आशुतोष मिश्रा के मुताबिक, आरोपी दरोगा के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे निलंबित किया गया था। मंगलवार को पुलिस टीम ने अर्जुन सिंह को वाराणसी से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अब मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।